Tiranga Times

Banner Image

किताबें कबाड़ी की: सरकारी स्कूल में 12 रुपये किलो में बिक गई बच्चों की पढ़ाई, ऐसे उठा काले कारनामे से पर्दा

राजधानी में सरकारी स्कूल में बच्चों की किताबें 12 रुपये किलो में कबाड़ी को बेच दी गईं। ग्रामीणों ने देखा तो उसे पकड़ लिया।
  • By Tiranga Times
  • Reported By: Admin
  • Updated: December 31, 2025

किताबें कबाड़ी की: सरकारी स्कूल में 12 रुपये किलो में बिक गई बच्चों की पढ़ाई, ऐसे उठा काले कारनामे से पर्दा

राजधानी में सरकारी स्कूल में बच्चों की किताबें 12 रुपये किलो में कबाड़ी को बेच दी गईं। ग्रामीणों ने देखा तो उसे पकड़ लिया। इसके बाद मामले की शिकायत बीएसए से की गई। राजधानी लखनऊ में मोहनलालगंज के प्राथमिक विद्यालय नेवाजखेड़ा में शिक्षा व्यवस्था को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। बच्चों को बांटी जाने वाली नई कार्यपुस्तिकाएं कबाड़ में बेच दी गईं।
मंगलवार को विद्यालय पहुंचे प्रधानाध्यापक रविंद्र गुप्ता ने सर्दियों में स्कूल बंद होने का फायदा उठाते हुए करीब डेढ़ क्विंटल कार्यपुस्तिकाएं 12 रुपये प्रति किलो के हिसाब से कबाड़ी को बेच दीं।  कबाड़ी जब बोरियों में किताबें भरकर ठेलिया से निकल रहा था, तभी ग्रामीणों ने उसे दौड़ाकर पकड़ लिया। ग्रामीणों ने बोरियों में भरी पुस्तकों का वीडियो भी बनाया, जिसके बाद मामला अधिकारियों तक पहुंचा। जांच में आरोप सही पाए गए हैं। खंड शिक्षा अधिकारी सुशील कुमार सिंह ने बताया कि पूरे प्रकरण की रिपोर्ट बेसिक शिक्षा अधिकारी को भेज दी गई है। प्राथमिक विद्यालयों में पाठ्यपुस्तकों के साथ कार्यपुस्तिका देना अनिवार्य है। इसका उद्देश्य बच्चों को पढ़ाए गए पाठ का अभ्यास कराना और सोचने-समझने की क्षमता विकसित करना है। सत्र शुरू होते ही वितरण का नियम

नियम के मुताबिक ये पुस्तकें सत्र की शुरुआत में ही बच्चों को दी जानी होती हैं, लेकिन यहां इन्हें बच्चों तक पहुंचने से पहले ही कबाड़ में तौल दिया गया।

मामले का संज्ञान लिया गया है। जांच के बाद दोषी प्रधानाध्यापक के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। 

Breaking News:

Recent News: