राजनीति के सफर में एक ऐसा नाम जिसने अपनी राजनीतिक पृष्ठभूमि में कभी पीछे मुड़ना नहीं सीखा। ऐसे व्यक्तित्व वाले व्यक्ति जिसे हर पार्टी ने जीत की गारंटी माना। वो हैं सिकटी भाजपा विधायक विजय कुमार मंडल। बुधवार को मुख्यमंत्री नीतीश सरकार की कैबिनेट के विस्तार में विजय कुमार मंडल मंत्री बनाए गए। जिससे क्षेत्र की जनता में खुशी की लहर है। इससे पहले भी वे एक बार राज्यमंत्री रहे चुके हैं।
पांच बार विधायक रहे विजय कुमार मंडल को मंत्रिमंडल (Nitish Cabinet Expansion) में शामिल करके भाजपा समेत एनडीए गठबंधन सीमांचल इलाके में ओबीसी वोटरों को साधने की कोशिश में है। 2020 के विधानसभा चुनाव में सिकटी से भाजप से विजय कुमार मंडल ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी राजद के शत्रुघ्न मंडल को हराया।
वर्ष 2000 में राजद द्वारा निकट नहीं दिए जाने पर निर्दलीय चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। जीत के बाद राजद ने उन्हें बिहार सरकार में राज्यमंत्री बनाया। विजय कुमार मंडल ने 2015 और 2020 के विधानसभा चुनाव में भाजपा से जीत हासिल की। 2024 में पार्टी ने इन्हें मुख्य सचेतक बनाया।विधायक विजय कुमार मंडल को अपने पिता व क्षेत्र के कद्दावर नेता नंदकेश्वर मंडल से राजनीतिक विरासत मिली। पिता का राजनीतिक कैरियर कुछ खास नहीं रहा और वे कभी चुनाव नहीं जीत पाए, लेकिन बेटे ने जीत का ऐसा रिकॉर्ड बनाया कि कभी पीछे मुड़कर देखना नहीं सीखा। जिस भी पार्टी में रहें, उन्हें जीत की गारंटी माना जाने लगा।
मैट्रिक पास रहने के बावजूद पहली बार विजय कुमार मंडल ने 1995 में आनंद मोहन की बिहार पिपुल्स पार्टी से 28 हजार मत लाकर भाजपा के दुर्गा दास राठौर को हराकर चुनाव जीता।
